सरीला (हमीरपुर)। क्षेत्र में बीते दिनों आई तेज आंधी तूफान का कहर अब भी ग्रामीण इलाकों पर भारी पड़ रहा है। जलालपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चार गांवों हरसुंडी, टाई, कदौरा और रिरुवा बुजुर्ग में पिछले 6 दिनों से बिजली पूरी तरह से गुल है। भीषण उमस भरी गर्मी और पीने के पानी के संकट ने हजारों की आबादी का जीना दूभर कर दिया है, लेकिन विद्युत विभाग की सुस्ती के चलते ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।
मिली जानकारी के अनुसार इन चारों गांवों को ममना पावर हाउस से बिजली सप्लाई की जाती है। 6 दिन पहले आई तेज आंधी के कारण क्षेत्र में तीन दर्जन से अधिक विद्युत पोल टूटकर गिर गए थे, जिससे पूरी लाइन ध्वस्त हो गई। हैरान करने वाली बात यह है कि इतने बड़े पैमाने पर हुए नुकसान के बावजूद विद्युत विभाग का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी मौके पर सुध लेने नहीं पहुंचा। ग्रामीणों का कहना है कि अभी तक गांव में नए विद्युत पोल भी नहीं पहुंचे हैं, जिससे अगले 2 या 3 दिनों तक भी बिजली आने की कोई उम्मीद नजर नहीं आ रही है। हरसुंडी गांव के निवासी और परचून व कोल्ड ड्रिंक दुकानदार राजू ने बताया इस भीषण गर्मी में कोल्ड ड्रिंक और ठंडे पानी की मांग सबसे ज्यादा होती है, लेकिन लाइट न होने से फ्रिज बंद पड़े हैं। धंधा पूरी तरह मंदा हो चुका है और उमस में रहना मुश्किल हो गया है।
वहीं गांव के ही किसान रविंद्र ने अपनी चिंता जाहिर करते हुए कहा गांव में कई किसानों ने नगदी फसल के रूप में सब्जी और मूंग की बुआई की है। नलकूप बंद होने से फसलों को पानी नहीं मिल पा रहा है, जिससे हरी भरी फसलें अब सूखने के कगार पर पहुंच गई हैं। अगर जल्द पानी नहीं मिला तो किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा। बूंद बूंद पानी को तरसे ग्रामीण
बिजली आपूर्ति ठप होने से गांवों में बने सरकारी और निजी वॉटर पंप बंद पड़े हैं। इसके कारण ग्रामीणों को पीने और दैनिक उपयोग के पानी के लिए दूर दराज के हैंडपंपों पर निर्भर होना पड़ रहा है। चिलचिलाती धूप और उमस के बीच पानी का इंतजाम करना ग्रामीणों के लिए किसी सजा से कम नहीं है।
ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के उच्चाधिकारियों से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल नए पोल लगवाए जाएं और युद्धस्तर पर काम शुरू कराकर बिजली सप्लाई बहाल की जाए।
