राठ (हमीरपुर)। यमुना एक्सप्रेस-वे पर बुधवार रात जेवर एयरपोर्ट से करीब 500 मीटर दूर डबल डेकर स्लीपर एसी बस में भीषण आग लगने से नौ यात्रियों की जिंदा जलकर मौत हो गई। मृतकों में आठ पुरुष और एक महिला शामिल हैं। बस में करीब 35 यात्री सवार थे। हादसे में राठ के खुशीपुरा निवासी सुनील कुमार ने जेवर थाने में एफआईआर दर्ज कराकर बस चालक और परिचालक पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। सुनील के मुताबिक, वह 23 सितंबर की रात करीब साढ़े नौ बजे दिल्ली के कश्मीरी गेट से राज कल्पना ट्रैवल्स की बस संख्या बीआर 32 पीए 8647 से राठ आने के लिए सवार हुए थे। रात करीब साढ़े 11 बजे यमुना एक्सप्रेस-वे पर किलोमीटर 33 के पास बस में जलने की बदबू आने लगी। यात्रियों ने चालक और परिचालक को इसकी जानकारी दी, लेकिन आरोप है कि दोनों अनसुनी कर केबिन में सिगरेट पीते रहे। कुछ देर बाद चालक की सीट के पास आग की लपटें उठने लगीं। यात्रियों ने शोर मचाया और शीशे तोड़कर बाहर निकलने का प्रयास किया। इसके बाद बस रोकी गई। सुनील समेत कई यात्री कूदकर बाहर निकलने में सफल रहे, जबकि नौ यात्री बस के अंदर फंसकर जिंदा जल गए। सुनील ने बताया कि राठ कस्बा निवासी ऊषा गुप्ता नाम की महिला भी बस में सवार थी। हादसे के बाद से ऊषा गुप्ता के बारे में अभी तक कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी है। दमकल की पांच गाड़ियों ने करीब 45 मिनट में आग पर काबू पाया। इसके बाद लगभग दो घंटे तक रेस्क्यू अभियान चला। शव बुरी तरह जल जाने के कारण मृतकों की पहचान नहीं हो सकी। चीफ फायर ऑफिसर प्रदीप कुमार ने एसी में स्पार्किंग या ब्लास्ट से इंजन में आग लगने की आशंका जताई है। पुलिस के मुताबिक, बस मध्य प्रदेश की राज कल्पना ट्रैवल्स की है। बस के 19 चालान कटे थे, जिन पर 1.75 लाख रुपये का जुर्माना बकाया था। हादसे के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।पुलिस ने मामले में बस के दो चालक पवन और विनोद तथा हेल्पर योगेश को गिरफ्तार किया है। हादसे में नौ यात्रियों की मौत के बाद मृतकों के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। पुलिस बस में आग लगने के कारणों और लापरवाही के आरोपों की जांच कर रही है।
