Spread the love

हमीरपुर। जिलाधिकारी अभिषेक गोयल के निर्देशों के अनुपालन में बाल श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम-1986 तथा बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम-2016 के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु मंगलवार को श्रम विभाग द्वारा सुभाष बाजार क्षेत्र में विशेष बाल श्रम उन्मूलन अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान विभिन्न प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 04 बाल श्रमिकों को बाल श्रम से मुक्त कराया गया, जबकि 04 सेवायोजकों को नोटिस जारी करते हुए नियमानुसार कार्रवाई प्रारंभ की गई।
प्रभारी श्रम प्रवर्तन अधिकारी डी.पी. अग्रहरि ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार 1 जुलाई से 31 अगस्त, 2026 तक जनपद में बाल श्रम उन्मूलन, बाल श्रमिकों की पहचान, मुक्ति, पुनर्वास एवं जनजागरूकता के उद्देश्य से विशेष अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत होटल, ढाबा, रेस्टोरेंट, मिठाई की दुकान, कैटरिंग प्रतिष्ठान, मैरिज हॉल, मोटर गैराज सहित विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण किया जा रहा है।उन्होंने बताया कि निरीक्षण के दौरान चिन्हित बाल श्रमिकों को तत्काल कार्यस्थल से मुक्त कराते हुए उनके पुनर्वास की प्रक्रिया प्रारंभ की गई। साथ ही संबंधित सेवायोजकों को बाल श्रम कराए जाने के संबंध में नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। श्रम विभाग द्वारा व्यापारिक संगठनों एवं प्रतिष्ठान संचालकों से बाल श्रम न कराने तथा कानून का पूर्ण पालन सुनिश्चित करने की अपील भी की गई।प्रभारी श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने कहा कि बाल श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986 तथा संशोधित अधिनियम, 2016 के अंतर्गत बाल श्रमिकों से कार्य कराना दंडनीय अपराध है। दोषी पाए जाने पर संबंधित सेवायोजक के विरुद्ध ₹10,000 से ₹70,000 तक का जुर्माना एवं एक माह से दो वर्ष तक के कारावास का प्रावधान है।अभियान में श्रम विभाग, बाल कल्याण समिति, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट, महिला कल्याण विभाग तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने संयुक्त रूप से सहभागिता करते हुए बाल श्रम उन्मूलन के प्रति जनजागरूकता भी फैलायी।

By AKC NEWS HINDI

AKC NEWS HINDI हमीरपुर का एक विश्वनीय समाचार पोर्टल है जो स्थानीय और राष्ट्रीय खबरे आप तक पहुचाता है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *